भदेसर। श्री सांवलिया जी मंदिर में कार्यरत संविदा कर्मियों ने अपनी समस्या को लेकर मंदिर मंडल के मुख्य कार्यपालक अधिकारी के नाम मंदिर के प्रशासनिक अधिकारी को ज्ञापन सौंपा। इस मौके पर ज्ञापन की प्रतिलिपि मंदिर बोर्ड के चेयरमैन कन्हैयालाल वैष्णव को भी दी गई। श्री सांवलिया जी मंदिर कर्मचारी एकता यूनियन (संविदा) के अध्यक्ष संजय कुमार मंडोवरा एवं संरक्षक अशोक तिवारी ने बताया कि मंदिर प्रशासन को दिए गए ज्ञापन में श्री सांवलिया जी मंदिर मंडल मंडफिया में कार्यरत संविदा कार्मिकों के माह जुलाई 2021 से अक्टूबर 2021 तक अवैध रूप से काटे गए वेतन की राशि खाता में जमा कराने, श्री सांवलिया जी मंदिर बोर्ड द्वारा पारित प्रस्ताव संख्या 5 दिनांक 28 फरवरी 2014 के अनुसार 200 कार्मिकों को मंदिर संविदा पर लेने का प्रस्ताव पारित किया गया था, किंतु संस्थापन प्रभारी लेहरी लाल गाडरी द्वारा उक्त पत्रावली अपने पास दबा कर रख ली गई है एवं प्रशासनिक अधिकारी द्वारा भी प्रकरण में अनदेखी की वजह से आज दिनांक तक उक्त प्रस्ताव की क्रियान्वित नहीं हुई है। ज्ञापन में बताया गया कि उक्त प्रस्ताव के अनुसार 200 कार्मिकों को मंदिर संविदा पर नियुक्ति प्रदान करने एवं पूर्व का बकाया पीएफ अंशदान कार्मिकों के खाते में जमा कराने की मांग की गई। ज्ञापन में प्रशासनिक अधिकारी एवं संस्थापन प्रभारी को पद से कार्यमुक्त कर हटाया जाकर अन्य कार्मिक की नियुक्त करने सहित अन्य समस्याओं को लेकर ज्ञापन सौंपा। उन्होंने बताया कि इस संबंध में मंदिर प्रशासन को पूर्व में भी कई बार ज्ञापन प्रस्तुत कर निवेदन किया गया था परंतु हमारी मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई अमल में नहीं लाई गई। हमारी मांगों को गंभीरता से नहीं लिया जाकर हर बार अनदेखी की जा रही है। उन्होंने मंदिर प्रशासन से निवेदन किया है कि उपरोक्त मांगों का तीन दिवस में निराकरण कराने का श्रम करावे अन्यथा संविदा कार्मिकों द्वारा तीन दिवस पश्चात अनिश्चितकालीन हड़ताल, धरना, प्रदर्शन किया जाएगा। जिसमें मंदिर की व्यवस्थाओं में व्यवधान उत्पन्न होने पर इसकी समस्त जिम्मेदारी मंदिर प्रशासन की होगी। 
  इधर श्री सांवलिया जी मंदिर कर्मचारी संघ (स्थाई) के संरक्षक गौतम लाल जैन एवं अध्यक्ष लेहरी लाल गाडरी की सहमति से अल्प वेतन में काम कर रहे संविदा कर्मचारियों का वेतन बढ़ाने एवं उन को समय पर वेतन देने एवं अन्य समस्याओं का निराकरण को लेकर मंदिर प्रशासन को ज्ञापन सौंपा था।