डूंगला। चिकारडा के काश्तकार नारायण लाल मेनारिया ने ईमानदारी का परिचय देते हुए 35000 रुपया लौटाए।
  जानकारी में नारायण लाल मेनारिया ने बताया कि मेरी कास्त मक्का को लेकर ट्रांसपोर्ट के माध्यम से निंबाहेड़ा स्थित कृषि उपज मंडी ले गया। जहां पर कृषि उपज मंडी के तत्वाधान में माल की बोली लगाई गई। जिसमें मेरी मक्का 15 सो 15 रुपया प्रति क्विंटल के हिसाब से बोली लगाई गई और मैंने इस भाव में बेच दी । जिसका वजन किया गया तो 2.60 क्विंटल हुआ। जिसकी कीमत ₹3906 हुई , जिसका भुगतान विकास एजेंसी के मालिक विकास कुमार द्वारा मुझ काश्तकार को 3906 के बजाय ₹39006 रुपया दिया गया। मैंने बिना गिना पैसा जेब में रखकर घर आ गया। जब घर आकर रुपया देखा तो पता चला कि 3906 के बजाय मेरे पास 39006 से रुपया आ गया है। मैं रात के 10:00 बजे ही ट्रांसपोर्टर दिनेश अग्रवाल के पास गया तथा पूरा घटनाक्रम बताया, तो उन्होंने विकास एजेंसी के विकास कुमार
से संपर्क कर घटना के बारे में पूछा , तो उनके द्वारा बताया गया कि हमारे यहां से काश्तकार को पूरा पैसा पेमेंट कर दिया गया है । हमारे यहां कोई बाकी नहीं है। इस पर पुनः जानकारी चाही गई तो उनके द्वारा बताया गया कि हमारा हिसाब किताब क्लियर रहता है, कोई बाकी नहीं है। इस पर अग्रवाल द्वारा बताया गया कि बिल नंबर 66 को एक बार पुनः चेक करें और बताएं तथा बताया कि बिल नंबर 66 को 3906 के बजाय आपने ₹39006 चुका दिया है । तो 35000 हमारे पास ज्यादा आए है। इस पर विकास कुमार द्वारा बताया गया कि पिछले 4 घंटे से इन 35000 के चक्कर में परेशान हो रहे हैं। अब आपके कहने से थोड़ी राहत मिली है। अग्रवाल ने बताया कि सुबह चिकारड़ा आ जाना और काश्तकार से 35000 वापस दिलवा देंगे।  विकास एजेंसी के विकास कुमार प्रातः चिकारड़ा पहुंचे। जहां पर ग्रामीणों की उपस्थिति में 35000 वापस लौटाए। विकास कुमार ने ऐसे इमानदार व्यक्ति को नमन किया तथा कहा कि ऐसा कोई बिरला व्यक्ति ही होता है जो अपनी ईमानदारी का परिचय देता है। 
 इस मौके पर गांव के महावीर गोपाल गौशाला अध्यक्ष शोभागमल छाजेड़, दिनेश अग्रवाल, लक्ष्मीलाल मेनारिया, शिव प्रजापत, केशुराम खंडेलवाल, विकास माहेश्वरी उपस्थित थे।